बस्ती , 13 जून : लाइव भारत समाचार : – जिले के चर्चित समाजसेवी व भाजपा नेता चन्द्रमणि पाण्डेय सुदामा ने आज जिलाधिकारी बस्ती को सौंपे ज्ञापन में सुगम व सुरक्षित यातायात के सापेक्ष हाइवे पर सुविधा उपलब्ध न होने का आरोप लगाते हुए टोल प्लाजा, मेंटीनेंस अथार्टी व राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के विरुद्ध कठोर कार्यवाही की मांग किया श्री पाण्डेय ने कहा कि सुरक्षित व सुगम यातायात हेतु जहां हर 60 किलोमीटर की दूरी पर टोल टैक्स लिया जाता है वहां बस्ती जनपद में महज 38 किलोमीटर के अन्दर हम लोग दो टोल क्रमशः टोल प्लाजा चौकड़ी व टोल प्लाजा मडवानगर में दे रहे हैं उसके बाद भी हमारे संघर्ष के क्रम में स्वीकृत मुरादीपुर, महूघाट,बड़हर, संसारीपुर जैसे दर्जनों खुले चौराहों पर ओवरब्रिज नहीं बना वहीं हर्रैया तहसील मुख्यालय से बभनान चौराहे तक बीते डेढ़ वर्ष से सर्विस लेन बदहाल है वर्तमान में तो हाईवे के लेपन कार्य में व्यापक अनियमितता व भ्रष्टाचार व्याप्त है पुरानी सड़क को ही उखाड़ करके पुनः उसी से लेपन कार्य किया जा रहा है जबकि उखाड़ी गई सड़क की गिट्टी रामैटेरियल के रूप में किनारे गढ्ढे में डाल दिया जाना चाहिए और ये सब समय समय पर निरीक्षण व कठोर कार्यवाही न होने के चलते हो रहा है वर्तमान में तो टोल प्लाजा चौकड़ी में तो जहां टोल टैक्स वसूल किया जाता है वहीं पर हाईवे व हाइवे किनारे बड़े बड़े गड्ढे दुर्घटना को दावत दे रहे हैं जबकि हमने पूर्व में भी हर्रैया में आशीर्वाद होटल से तहसील परिसर तक फ्लाईओवर बनवाने,खुले चौराहों पर ओवरब्रिज बनवाने डिवाइडर व हाइवे किनारे साफ सफाई, प्रकाश व सीसीटीवी कैमरा लगवाने, हाइवे व सर्विस लेन के लेपन कार्य की मांग करते हुए आग्रह किया था कि जितनी सुविधा आपके स्तर से हो उसे दिलाने शेष को जनहित में शासन को अग्रसारित करने की कृपा करें उक्त के क्रम में वर्तमान में सिर्फ गुणवत्ता मुक्त भ्रष्टाचार युक्त हाइवे का लेपन कार्य हो रहा है शेष मांगों पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है जबकि ऐसी तमाम समस्याओं पर कई बार हाइवे देवदूत के नाम से चर्चित प्रमोद ओझा भी सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में ध्यान आकृष्ट करा चुके हैं।
अतः श्रीमान जी से विनम्र निवेदन है कि अपने स्तर से सघन निरीक्षण करते हुए सुगम व सुरक्षित यातायात की व्यवस्था बहाल करायें व व्यवस्था शिथिलीकरण के दोषियों व लेपन कार्य के भ्रष्टाचार में संलिप्त लोगों पर कठोर कार्यवाही सुनिश्चित करें जनहित में शिक्षा, चिकित्सा,सड़क सुरक्षा पर ध्यान दिया जाना नितांत आवश्यक है । अन्यथा की दशा में व्यवस्था सुधार हेतु जनहित में हमें धरना प्रदर्शन व घेराव को बाध्य होना पड़ेगा जरूरत पड़ी तो टोल चौकड़ी की वैधता की ही भांति इसे भी हाईकोर्ट में चुनौती दूंगा।
रिपोर्ट ,बस्ती ब्यूरो : लाइव भारत समाचार