
बस्ती, 22 सितम्बर : लाइव भारत समाचार –
यूपीआई लेन-देन पर एमडीआर (MDR) चार्ज लगाने के केंद्र सरकार और NPCI के प्रस्ताव के खिलाफ सोमवार को बस्ती उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। व्यापारियों ने पाण्डेय बाजार से कलेक्ट्रेट तक बाइक जुलूस निकाल कर सरकार विरोधी नारेबाजी की और प्रधानमंत्री को सम्बोधित ज्ञापन स्थानीय प्रशासन को सौंपा।
जुलूस चेयरमैन आनंद राजपाल के मार्गदर्शन और जिलाध्यक्ष सुनील कुमार गुप्ता के नेतृत्व में निकाला गया, जिसमें सैकड़ों व्यापारी बाइक पर सवार होकर शामिल हुए।
ज्ञापन में क्या कहा गया?
कलेक्ट्रेट में ज्ञापन सौंपते हुए चेयरमैन आनंद राजपाल ने कहा, “डर है सरकार सांस लेने पर भी टैक्स न लगा दे। व्यापारी और आम जनता पहले से ही टैक्स के बोझ तले दबी है। कमाई का आधा हिस्सा किसी न किसी रूप में टैक्स में चला जाता है। ऐसे में यूपीआई लेन-देन पर चार्ज लगाना सरकार की हिटलरशाही सोच का परिणाम है, जिसे व्यापारी समाज कतई बर्दाश्त नहीं करेगा।”
जिलाध्यक्ष सुनील कुमार गुप्ता और महामंत्री सूर्यकुमार शुक्ल ने कहा कि यूपीआई आने के बाद व्यापार सुगम हुआ था और नकद रखने का जोखिम कम हुआ था। “यूपीआई पर चार्ज लगने से फिर से नकद लेन-देन को बढ़ावा मिलेगा, चोरी-लूट का खतरा बढ़ेगा और डिजिटल इंडिया की मुहिम को झटका लगेगा। सरकार को अपने फैसले पर पुनर्विचार करना चाहिए।”
प्रतिनिधि मंडल के एहसानुल्लाह कैफ ने कहा कि इस फैसले से सरकार एक बार फिर बैंकों में भीड़ बढ़ाना चाहती है, जिससे जनता और सरकार दोनों पर बोझ बढ़ेगा।
क्या है सरकार का फैसला?
गौरतलब है कि 15 सितंबर को NPCI ने स्पष्ट किया है कि 15 अक्टूबर 2026 से ₹2,000 से अधिक के Person-to-Merchant UPI भुगतान पर 0.4% MDR लगेगा, जो अधिकतम ₹300 तक होगा। ₹2,000 तक के भुगतान और व्यक्ति से व्यक्ति को भेजे गए पैसे पूरी तरह निःशुल्क रहेंगे। सरकार ने कहा है कि यह चार्ज ग्राहक से नहीं, बल्कि व्यापारी से लिया जाएगा।
प्रदर्शन में मौजूद व्यापारी
इस दौरान प्रमोद कुमार गुप्ता, रंजीत श्रीवास्तव, सुनील कुमार श्रीवास्तव, कृपाशंकर त्रिपाठी, आशुतोष पाण्डेय, अरविन्द चौधरी, राजेन्द्र कसौधन, सुड्डू, कमल जायसवाल, सरदार जल्लू सिंह, सौरभ गुप्ता, गौरव साहू, दिनेश जायसवाल, भोला गुप्ता सहित बड़ी संख्या में व्यापारी मौजूद रहे।
रिपोर्ट: बस्ती ब्यूरो, लाइव भारत समाचार