प्रदेश न्यूज – मार्च : लाइव भारत समाचार :- लोगों का मानना था कि सोशल मीडिया के आने से अखबारों पर लोगों का आकर्षण कम हुआ, अखबार की प्रतियां भी कम हो गई। परंतु अखबार से शब्द और भाषा का ज्ञान होता है इसी को देखते हुए शासन ने इस पर पहल कर रही है कि स्कूलों में बच्चों को अखबार से कुछ जनरल नॉलेज बढ़ाया जा सकता है ,और नए सत्र से लागू करने की तैयारी भी है।
नए शैक्षणिक सत्र अप्रैल से शुरू हो रहे हैं,माध्यमिक विद्यालयों की प्रार्थना सभा से छात्र/ छात्राओं को अखबारों की सुर्खिया पढ़ने और भाषा पर पकड़ मजबूत करेंगे। कठिन शब्दों का अर्थ समझेंगे, इसके साथ ही स्कूलों में मोबाइल लाने पर पूरी तरह रोक रहेगी।माध्यमिक स्कूलों में विद्यार्थियों के पढ़ने की आदत विकसित करने और बढ़ते स्क्रीन टाइम पर लगाम लगाने के लिए समाचार पढ़ने को अब शैक्षणिक कलेंडर का हिस्सा बना दिया गया है।
स्कूल के छात्र छात्राये प्रार्थना सभा में प्रमुख समाचार पढ़ेंगे, शिक्षकों की जिम्मेदारी होगी कि वे समाचार पत्रों में आए कठिन शब्दों का सही उच्चारण कराएंगे और उनका अर्थ व वाक्य प्रयोग भी समझाएंगे ।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव ने सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों और मंडलीय शिक्षा अधिकारियो को यह भी निर्देश दिया कि विद्यालयों में छात्र छात्रों के मोबाइल फोन लाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए । परिषद का मानना है कि किशोरावस्था में मोबाइल प्रयोग करने का अत्यधिक उपयोग बच्चों के शारीरिक, मानसिक और नैतिक विकास पर प्रतिकूल असर डालता है, उनकी आंखों की रोशनी कमजोर होती है पढ़ाई में ध्यान की कमी और ऑन लाइन गेम्स की लत जैसी समस्याओं को देखते हुए यह कदम उठाया गया है।
रिपोर्ट ,ब्यूरो लाइव भारत समाचार